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मंगलवार, 16 सितंबर 2025

BLW Varanasi Main काव्य गोष्ठी में बुलंद हुए काव्य के बोल

हिंदी दिवस व जीवित्पुत्रिका पर बरेका में हुई काव्य गोष्ठी

F. Farouqi Babu

Varanasi (dil india live). संस्थान बरेका के तत्वाधान में काशी काव्य संगम के सहयोग से हिंदी दिवस एवं जीवित्पुत्रिका के अवसर पर काव्य पाठ का आयोजन किया गया । इस कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ साहित्यकार एवं गज़लकार महेंद्र नाथ तिवारी अलंकार ने किया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार टीकाराम शर्मा तथा विशिष्ट अतिथि के वरिष्ठ साहित्यकार उषा पांडे थी। इस अवसर पर अध्यक्ष महेंद्र नाथ तिवारी अलंकार ने कहा कि इस तरह के आयोजनों से हम अपनी संस्कृति, परंपरा इत्यादि को जीवित रखते हुए उसको आगे बढ़ाते हुए नई पीढ़ी को इसकी जानकारी साझा करते हैं। उन्हें बताते हैं कि हमारी संस्कृति कितनी मधुर एवं हर उत्सव को सबके साथ मिलकर मनाने वाली है जिससे आपसी भाईचारा एवं अपनत्व बढ़ाते है। आज हिंदी विश्व की बोलने वाली प्रमुख भाषा है। हिंदी का सम्मान हम सभी को करना चाहिए। सचिव संस्थान आलोक कुमार सिंह एवं उनकी पूरी टीम को साधुवाद देता हूं कि जिन्होंने इस प्रकार की अलख जगाई हुई है। इस मौके पर काव्य पाठ को प्रारंभ किया गया। कवियों द्वारा हिंदी दिवस एवं जीवित्पुत्रिका के अवसर पर प्रस्तुत गीत, कविताएं, गजल  इत्यादि ने ऐसा माहौल बना दिया जैसे लगा कि पूरा वातावरण हिंदीमय व भक्तिमय हो गया। कार्यक्रम में निम्न कवियों एवं कवियित्रियों ने काव्य पाठ किया उनमें आलोक सिंह बेताब, अखलाक खान भारतीय, जयप्रकाश मिश्र, उषा पांडे ,प्रताप शंकर दुबे, परमहंस तिवारी परम, रामजतन पाल, उपेंद्र यादव, महेंद्र तिवारी अलंकार, शमीम गाजीपुरी, टीकाराम शर्मा आचार्य, वासिफ बनारसी, छोटेलाल मनमीत, ओमप्रकाश चंचल, विकास विदिप्त, करुणा सिंह, मुनींद्र कुमार पाण्डेय मुन्ना, गणेश सिंह प्रहरी, आस्तिक शुक्ला, नाथ सोनांचली, कुंवर नाजुक इत्यादि।



इस अवसर पर उत्कर्ष यादव, रवि पटेल, आकाश सरोज, अमित अस्थाना, अभिषेक सिंह, रोहित श्रीवास्तव, कार्तिकेय पारस, विजय विश्वकर्मा, सुभाष चंद्र ,रमेश चंद्र श्रीवास्तव, नीरज श्रीवास्तव ,कमलेश कुमार, सुनील कुमार, राकेश कुमार, किशन कुमार, रविशंकर भारतीय, राजकुमार, मनोज सिंह इत्यादि गणमान्य नागरिक  उपस्थित रहे।

 कार्यक्रम के प्रारंभ में श्री आनंद कुमार राय, पुस्तकालय सचिव, संस्थान ने अतिथियों का स्वागत तथा अंत में धन्यवाद ज्ञापन अखलाक खान भारतीय ने किया। पूरे कार्यक्रम के संयोजक आलोक कुमार सिंह , रहे। पूरे कार्यक्रम का संचालन मुनींद्र कुमार पाण्डेय मुन्ना ने किया।

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