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मंगलवार, 15 सितंबर 2026

Education News DAV PG College Varanasi 15 September 2026: हिन्दी ने की परम्परा और आधुनिकता की सहयात्रा पर हुई संगोष्ठी

हिंदी ने परम्परा और आधुनिकता की सहयात्रा को साकार किया


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Varanasi (वाराणसी)। डीएवी पीजी कालेज के हिन्दी विभाग द्वारा हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में 'हिंदी भाषा एवं साहित्य : महत्व और उपलब्धि' विषयक संगोष्ठी का आयोजन हुआ।

मुख्य अतिथि डॉ. अशोक कुमार ज्योति, एसोसिएट प्रोफेसर, हिंदी विभाग, BHU ने कहा कि कविता जीवन की रचना है क्योंकि संस्कृति और परम्परा की थाती के रूप में कविता के माध्यम से मानव संस्कृति की परम्परा उत्तरोत्तर विकसित होती है।

उन्होंने कहा कि हिंदी का महत्व सिर्फ भाषा होने के कारण नहीं है बल्कि भारतीय सनातन परम्परा की करुणा, प्रपत्ति और भक्ति की अनन्यता के साथ-साथ राष्ट्रीय जागरण का संदर्भ रचने में भी है। हिंदी ने परम्परा और आधुनिकता की सहयात्रा को साकार किया है।

डॉ. ज्योति ने हिंदी की विकास यात्रा में समाज सुधारकों, राष्ट्रनेताओं, पत्रकारों और साहित्यकारों की भूमिका के साथ-साथ अलीगढ़ की 'हिंदी संवर्धिनी सभा', लखनऊ की 'मातृभाषा सभा' और काशी की 'नागरी प्रचारिणी सभा' के योगदान को विस्तार से बताया।


अध्यक्षता कर रहे प्राचार्य प्रो. मिश्रीलाल ने कहा कि हिंदी जन-जन की भाषा है, जिसने आम जनता के सरोकारों को राष्ट्रीय जीवन से जोड़ा। हिंदी ने संपर्क भाषा और राष्ट्रभाषा के रूप में बहुत कुछ हासिल किया है, लेकिन सांस्कृतिक विस्तार के लिए अभी और काम करना है।

स्वागत विभागाध्यक्ष प्रो. राकेश कुमार राम, संचालन डॉ. अस्मिता तिवारी एवं धन्यवाद डॉ. नीलम सिंह ने किया। इस अवसर पर प्रो. राकेश द्विवेदी, प्रो. समीर पाठक सहित छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

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