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गुरुवार, 5 जून 2025

Sri Krishna Datt अकादमी की कार्यशाला

प्रशिक्षुओं को डिजिटल पेंटिंग और फोटोग्राफी की सिखाया बारीकियां

 Lucknow (dil India live). श्री कृष्ण दत्त अकादमी में आयोजित साप्ताहिक वर्कशॉप में तीसरे दिन बच्चों ने डिजिटल पेंटिंग और फोटोग्राफी के अंतर्गत डिजिटल पेंटिंग बनाने की कला को सीखा। आज के डिजिटल युग में कैनवस पेंटिंग में जहां एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने की समस्या देखनी पड़ती है इस कारण आधुनिकता की मांग के अनुसार कंप्यूटर, लैपटॉप और मोबाइल में डिजिटल पेंटिंग के द्वारा विभिन्न माध्यमों से स्केचिंग और पेंटिंग आसानी से जब समय मिले तब कहीं पर भी की जा सकती है और उसके प्रिंट आउट निकालकर एक अच्छी गैलरी बनाई जा सकती है। तकनीकी युग में पावर पॉइंट ,कोरल्ड्रॉ जैसे उपकरणों के साथ डिजिटल कला आमतौर पर फ़ोटोशॉप और इलस्ट्रेटर जैसे कंप्यूटर सॉफ़्टवेयर का उपयोग करके बनाई जाती है। अच्छी तकनीक के अंतर्गत आप 3D मॉडलिंग सॉफ़्टवेयर, वेब डिज़ाइन टूल या यहाँ तक कि वर्चुअल रियलिटी गॉगल्स जैसे अन्य डिजिटल टूल का भी उपयोग कर सकते हैं। 

     

प्रशिक्षक राज किरण द्विवेदी

   प्रशिक्षक राज किरण द्विवेदी ने सभी को बताया कि अब आपको कलाकार बनने के लिए पेंटब्रश और पेपर कैनवास का उपयोग करने की आवश्यकता नहीं है। वास्तव में, इस डिजिटल युग में जो तकनीकी प्रगति हुई है, उसने कला के एक बिल्कुल नए रूप को जन्म दिया है जिसे डिजिटल कला के रूप में जाना जाता है। आज स्कूलों,विभिन्न उद्योगों में, डिजिटल सामग्री निर्माण, प्रबंधन और वितरण की उच्च मांग है। डिजिटल पेंटिंग सभी के लिए जानना आवश्यक है। स्केचिंग, चरित्र चित्रण एवं एनीमेशन छाया व प्रकाश व्यवस्था का समुचित उपयोग का उपयोग करके एक बेहतर चित्र बनाया जा सकता है।


टाइपोग्राफी के माध्यम से चित्र को बड़ा या छोटा किया जा सकता है और मिटारा भी जा सकता है यह सब कैनवस पेंटिंग में संभव नहीं। कैनवस पेंटिंग में रंग सूखने के बाद हम उसे दोबारा संशोधित नहीं कर सकते जबकि डिजिटल पेंटिंग में संशोधन की अंतिम चरण तक गुंजाइश रहती है।डिजिटल कला डिजिटल इमेजिंग एडिटिंग सॉफ्टवेयर और ड्राइंग प्रोग्राम जैसी तकनीक को कला-निर्माण के साथ जोड़ती है। कुछ डिजिटल कला एनिमेशन और 3D वर्चुअल मूर्तिकला रेंडरिंग बनाने के लिए कई तकनीकों को भी जोड़ सकती है।

     


शिक्षिका एवं समाज सेविका रीना त्रिपाठी ने बताया कि डिजिटल कला से जुड़े कलाकार अपने विचारों और रचनाओं को जीवंत करने के लिए आधुनिक साधनों का उपयोग करते हैं आज के डिजिटल एडवांस युग में सभी बच्चे बड़े लोगों के लिए डिजिटल एजुकेशन की आवश्यकता के तहत डिजिटल पेंटिंग का ज्ञान भी बहुत ही उपयोगी है। श्री कृष्ण दत्त अकादमी वृन्दावन में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षुओं ने डिजिटल कलाकार के रूप में  कार्यशाला में अपनी कृतियों बनाई और इस कला की बारीकियां को सीखा। अगले चरण में फोटोग्राफी को डिजिटल पेंटिंग से जोड़ने और उसमें सुधार की विधा दिखाई जाएगी।

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